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Mahasamund महासमुंद। 'ऑपरेशन निश्चय' के तहत गांजा तस्करी के मामले में कोमाखान पुलिस को एक और सफलता मिली है। टेमरी नाका पर वाहन चेकिंग के दौरान पुलिस को देखकर चलती बाइक से कूदकर फरार हुए आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। मामले में इससे पहले बाइक चालक को 5.440 किलोग्राम गांजे के साथ गिरफ्तार किया गया था। पुलिस के मुताबिक दोनों आरोपी ओडिशा के कांटाबांजी से गांजा लेकर छत्तीसगढ़ के दुर्ग में खपाने की फिराक में थे।
पुलिस के अनुसार, एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स के निर्देश पर जिले में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी, परिवहन और बिक्री के खिलाफ लगातार चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में 11 सितंबर 2026 को कोमाखान पुलिस टेमरी जांच नाका के पास वाहनों की चेकिंग कर रही थी। पुलिस को संदिग्ध बाइक और उसमें सवार व्यक्तियों के संबंध में सूचना मिली थी। कुछ देर बाद बिना नंबर की पल्सर बाइक आती दिखाई दी। पुलिस का दावा है कि चेकिंग देखकर बाइक के पीछे बैठा व्यक्ति चलती बाइक से कूदकर मौके से भाग गया। बाइक चालक ने भी भागने की कोशिश की, लेकिन पुलिसकर्मियों ने पीछा कर उसे पकड़ लिया।
पुलिस ने बाइक चालक से पूछताछ करने के बाद उसके पास मौजूद थैले की तलाशी ली। थैले से 5.440 किलोग्राम गांजा बरामद होने का दावा किया गया, जिसकी अनुमानित कीमत 2 लाख 72 हजार रुपये बताई गई है। पुलिस ने गांजा तस्करी में कथित रूप से इस्तेमाल की गई बिना नंबर की पल्सर बाइक और एक मोबाइल फोन भी जब्त किया। बाइक की कीमत करीब 90 हजार और मोबाइल की कीमत तीन हजार रुपये आंकी गई। गांजे सहित जब्त संपत्ति की कुल कीमत करीब 3 लाख 65 हजार रुपये बताई गई है।
मामले में पुलिस ने बाइक चालक रामचरण उर्फ यश ठाकुर (24), निवासी पीसेगांव थाना पुलगांव जिला दुर्ग को गिरफ्तार किया था। उसके खिलाफ कोमाखान थाने में अपराध क्रमांक 151/2026 दर्ज कर एनडीपीएस एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई करते हुए न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया था। इसके बाद पुलिस बाइक से कूदकर फरार हुए दूसरे आरोपी की तलाश कर रही थी। पुलिस के मुताबिक 13 सितंबर को थाना क्षेत्र में एक संदिग्ध व्यक्ति के घूमने की सूचना मिली। टीम ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की। उसकी पहचान विक्रांत चंद्राकर उर्फ विक्की (25), निवासी कोनारी थाना पुलगांव जिला दुर्ग के रूप में हुई।
पुलिस का दावा है कि पूछताछ में विक्रांत ने 11 सितंबर को रामचरण के साथ बाइक पर आने और टेमरी नाका के पास चेकिंग देखकर चलती बाइक से कूदकर भागने की बात स्वीकार की। इसके बाद उसे भी प्रकरण में गिरफ्तार किया गया। पुलिस के अनुसार पूछताछ और मेमोरेंडम कथनों में आरोपियों द्वारा गांजा ओडिशा के कांटाबांजी से लेकर दुर्ग में खपाने के लिए ले जाने की बात सामने आई है। इस दावे की अंतिम न्यायिक पुष्टि अदालत में होगी। इस गिरफ्तारी के साथ मामले में दोनों कथित गांजा परिवहनकर्ताओं को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस प्रकरण में आगे की जांच कर रही है।
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